असल न्यूज़। राजधानी दिल्ली के हर्ष विहार इलाके में हुए दो दोस्तों की हत्या के मामले को सुलझाते हुए दिल्ली पुलिस ने दो सगे भाइयों समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों में चेतन्य तोमर उर्फ ताशु तोमर, प्रदीप भाटी, पवन भाटी उर्फ डग्गा और एक अन्य प्रमोद है। जांच के दौरान पता चला है कि आरोपियों व सुधीर में ई-रिक्शा पार्किंग को लेकर पिछले काफी समय से विवाद चल रहा था। पुलिस ने इनके पास से एक पिस्टल, तमंचा, कारतूस, वारदात में इस्तेमाल दो बाइक व अन्य सामान बरामद किया है।
उत्तर-पूर्वी जिला डीसीपी आशीष मिश्रा ने बताया कि एसीपी/नंद नगरी सुरेंद्र सिंह राठी और एसीपी मंगेश गेडाम की देखरेख में थाना प्रभारी प्रदीप कुमार व अन्य ने वारदात के बाद जांच के दौरान, फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और महत्वपूर्ण सबूत एकत्र किए और हर्ष विहार पुलिस स्टेशन के कई सदस्यों की टीम लगाई गई। टीमों ने कड़ी मेहनत की, कई स्रोतों से जानकारी जुटाई और मिले सुरागों के आधार पर, इस अपराध में शामिल निम्नलिखित चार संदिग्धों को गिरफ्तार किया। चेतन्य तोमर उर्फ ताशु तोमर, प्रदीप भाटी, पवन भाटी उर्फ डग्गा और प्रमोद के पास से एक सेमी-ऑटोमैटिक पिस्टल, एक देसी पिस्टल (कट्टा) और एक जिंदा कारतूस बरामद किया। साथ ही, दो बाइक भी मिलीं पूछताछ के दौरान, आरोपियों ने अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली और बताया कि मृतक से उनकी पुरानी दुश्मनी थी, इसलिए उन्होंने हत्या की। गहन जांच में पता चला कि आरोपी पवन पहले नौ आपराधिक मामलों में शामिल था, जिनमें हत्या का प्रयास और डकैती के मामले शामिल हैं।
गौरतलब है कि सुधाीर उर्फ बंटी और राधे प्रजापति की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। जांच के दौरान पता चला है कि आरोपियों व सुधीर में ई-रिक्शा पार्किंग को लेकर पिछले काफी समय से विवाद चल रहा था। इसी को लेकर हुए झगड़े के दौरान सुधीर व उसके साथियों ने प्रदीप के पिता को गाली दे दी थी। इसका बदला लेने के लिए आरोपियों ने इनकी पाकिंग पर धावा बोलकर दोनों की हत्या कर दी। सुधीर के भाई कुलदीप ने किसी तरह भागकर अपनी जान बचा ली थी। आरोपी उसको भी मारने की नियत से वहां पहुंचे थे।

