असल न्यूज़। गाज़ियाबाद पुलिस ने लिवर की लोकप्रिय दवा Liv-52 के नाम पर चल रहे नकली दवा रैकेट का भंडाफोड़ करते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने एक गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर नकली Liv-52 बनाने वाली फैक्ट्री का पर्दाफाश किया है।
इस कार्रवाई में पुलिस ने करीब 50 हजार नकली Liv-52 टैबलेट, भारी मात्रा में पैकेजिंग मटेरियल, रैपर, डिब्बे, मशीनें और कच्चा माल बरामद किया है। मामले में 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
हिमालय कंपनी की दवा बनाकर देशभर में सप्लाई की तैयारी पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी हिमालय कंपनी की प्रसिद्ध Liv-52 दवा की हूबहू नकल कर रहे थे और इन्हें उत्तर प्रदेश, दिल्ली-एनसीआर समेत कई राज्यों में सप्लाई करने की तैयारी थी।
स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ नकली दवाओं का सेवन आम लोगों के लिए जानलेवा साबित हो सकता था, खासकर लिवर के मरीजों के लिए यह दवा बेहद संवेदनशील मानी जाती है। पुलिस का कहना है कि यह गिरोह लंबे समय से सक्रिय था और मोटा मुनाफा कमा रहा था।
मुकदमा दर्ज, आगे की जांच जारी पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी, नकली दवा निर्माण और कॉपीराइट उल्लंघन जैसी गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि कितनी नकली दवाएं पहले ही बाजार में पहुंच चुकी हैं और इसमें कौन-कौन लोग शामिल हैं।
पुलिस और स्वास्थ्य विभाग ने जनता से अपील की है कि दवाएं केवल अधिकृत मेडिकल स्टोर से ही खरीदें और किसी भी संदिग्ध दवा की तुरंत सूचना दें।

