असल न्यूज़। राजधानी दिल्ली की करोल बाग थाना पुलिस ने 30 लाख की कीमत के 376 मोबाइल चोरी की गुत्थी को सुलझाते हुए दोनों भाइयों समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों में अभिषेक सिंह इसके भाई विकास सिंह तोमर, किशन चौहान और चेतन झा है। पुलिस ने आरोपियों के पास से कुल 376 मोबाइल फोन बरामद कर लिया है। पुलिस बाकी आरोपियों से पूछताछ कर मामले की जांच कर रही है।
मध्य जिला डीसीपी निधिन वल्सन ने बताया कि थाना प्रभारी इंस्पेक्टर साकेत कुमार की देखरेख में गठित टीम ने शिकायत के बाद करीब 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की पड़ताल की। इस बीच आरोपी सीसीटीवी में कैद मिले। एफआईआर के बाद पुलिस ने बिडनपुरा से दोनों भाई विकास और अभिषेक को दबोच लिया। इनकी निशानदेही पर करोल बाग से 376 मोबाइल फोन बरामद कर लिए गए। विकास करोल बाग में ई-रिक्शा चालक है जबकि अभिषेक कूरियर कंपनी का चालक है। दोनों की मां बीमार है। इस वजह से इन लोगों ने दोस्त किशन व चेतन के साथ मिलकर साजिश रची। पुलिस ने बाद में दोनों को भी गिरफ्तार कर लिया।
मोबाइल वाले पार्सल को बदल रख दिए मोबाइल बॉक्स में लकड़ी के टुकड़े.अभिषेक कारोबारी से पार्सल लेने के बाद झंडेवालान पहुंचा। यहां उसके बाकी साथी मौजूद थे। इन लोगों ने यहां बाकी साथियों की मदद से मोबाइल वाले पार्सल को बदल दिया। बाद में मोबाइल बॉक्स में लकड़ी के टुकड़े रख दिए गए। बाद में चोरी किए मोबाइल को करोल बाग में छिपा दिया गया। 9 मोबाइल फोन को किशन ने अपने किसी जानकार को बेच दिए। पुलिस उनको बरामद करने का प्रयास कर रही है।
बिहार के एक कारोबारी ने दिल्ली आकर 30 लाख रुपये के खरीदे थे 385 मोबाइल फोन.बिहार के एक कारोबारी ने दिल्ली आकर 30 लाख रुपये के 385 मोबाइल फोन खरीदे। मोबाइल को बिहार भेजने के लिए कारोबारी ने इनको कूरियर कर दिया। कूरियर कंपनी में काम करने वाले एक लडक़े की नियत खराब हो गई। उसने अपने भाई व साथियों के साथ मिलकर सभी मोबाइल गायब कर दिए। आरोपियों ने मोबाइल के बॉक्स से मोबाइल निकलकर उसमें लकड़ी का टुकड़ा रख दिया। जैसे ही पार्सल बिहार पहुंचा तो कारोबारी के होश उड़ गए। उसने करोल बाग थाने में ई-एफआईआर दर्ज कराई।

