असल न्यूज़। दक्षिणी दिल्ली के डिफेंस कॉलोनी थाना पुलिस ने मोबाइल स्नैचिंग के एक मामले को वारदात के करीब एक घंटे के भीतर सुलझाते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से स्नैच किया गया Vivo मोबाइल फोन, एक अन्य स्नैच किया हुआ मोबाइल, चोरी की Splendor Plus मोटरसाइकिल और आठ हजार की नकद बरामद किए हैं।
पुलिस के मुताबिक डिफेंस कॉलोनी थाना क्षेत्र में मोबाइल स्नैचिंग की सूचना PCR कॉल के जरिए मिली थी। DD नंबर 28A के तहत मिली सूचना में शिकायतकर्ता ने बताया कि वह C-Block, डिफेंस कॉलोनी में अपने काम पर जा रही थी। इसी दौरान मोटरसाइकिल सवार दो युवकों ने पीछे से आकर उसका मोबाइल फोन छीन लिया। बाइक पर पीछे बैठे आरोपी ने लाल रंग की टी-शर्ट पहन रखी थी।
जिसके बाद आला अधिकारियों की रेख देख कार्रवाई सूरी की गई जिसमे में शामिल SI सचिन, HC तरुण और कांस्टेबल शालिंदर की टीम ने अहम भूमिका निभाई। टीम ने SHO थाना डिफेंस कॉलोनी के नेतृत्व और ACP डिफेंस कॉलोनी की निगरानी में कार्रवाई की।
50 से ज्यादा CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली
घटना की सूचना मिलते ही डिफेंस कॉलोनी थाना पुलिस की टीम ने जांच शुरू की। पुलिस ने वारदात वाले स्थान से लेकर संभावित भागने के रास्तों तक 50 से ज्यादा CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली।
CCTV फुटेज में संदिग्धों को Splendor Plus मोटरसाइकिल पर जाते हुए देखा गया। इसके बाद तकनीकी निगरानी के जरिए पुलिस ने आरोपियों की गतिविधियों को ट्रैक किया। जांच के दौरान आरोपियों की लोकेशन पुल प्रहलादपुर और ओखला की तरफ मिली। पुलिस टीम ने तेजी से कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को वारदात के करीब एक घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कबीर (25) पुत्र नरेश और लविश (21) पुत्र रमेश चंद के रूप में हुई है। दोनों फरीदाबाद के लक्कड़पुर स्थित डी-ब्लॉक के रहने वाले बताए गए हैं और डिलीवरी बॉय के तौर पर काम करते हैं। पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपियों की पूर्व में भी एक आपराधिक मामले में संलिप्तता सामने आई है।
आरोपियों के पास से क्या-क्या बरामद हुआ?
डिफेंस कॉलोनी मामले में स्नैच किया गया Vivo मोबाइल फोन
गोविंदपुरी मेट्रो स्टेशन के पास छीना गया Oppo मोबाइल फोन
Realme मोबाइल फोन, जिसकी स्वामित्व संबंधी जांच जारी है
वारदात में इस्तेमाल चोरी की Splendor Plus मोटरसाइकिल
आठ हजार की नकद बरामद की गई.
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने स्नैच किए गए Vivo मोबाइल फोन का इस्तेमाल कर उसका UPI PIN बदलने के बाद ATM से ₹8,000 निकाल लिए थे। पुलिस की त्वरित प्रतिक्रिया, CCTV फुटेज के व्यवस्थित विश्लेषण और तकनीकी जांच के चलते स्नैचिंग का मामला करीब एक घंटे में सुलझा लिया गया। मामले में आगे की जांच जारी है।

