असल न्यूज़: गुजरात के सूरत में नकली घी बनाने वाले बड़े रैकेट का भंडाफोड़ हुआ है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए करीब 2000 किलो से अधिक मिलावटी घी जब्त किया है, जिसकी बाजार कीमत लाखों रुपये बताई जा रही है।
इस मामले में पुलिस ने दो आरोपियों—भरतभाई गोगनभाई पोलरा और अमीन बाबूभाई वाढ़वणिया—को गिरफ्तार किया है।
फैक्ट्री पर छापा, लाखों का सामान जब्त
सूरत पुलिस के स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) को गुप्त सूचना मिलने के बाद सचिन GIDC इलाके में ‘सबका फूड्स’ नाम की फैक्ट्री पर छापा मारा गया।
इस कार्रवाई में पुलिस ने नकली घी, पैकिंग मशीनरी और नकदी समेत करीब 35.81 लाख रुपये का मुद्दामाल जब्त किया।
1 किलो असली से 15 किलो नकली घी
जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि आरोपी सिर्फ 1 किलो शुद्ध घी का इस्तेमाल कर 15 किलो नकली घी तैयार करते थे।
इसके लिए पामोलिन तेल, वनस्पति घी और खतरनाक केमिकल एसेंस का इस्तेमाल किया जाता था, जिससे नकली घी बिल्कुल असली जैसा दिखे और महके।
सिरिंज से मिलाते थे केमिकल
डीसीपी राजदीप सिंह नकुम के अनुसार, आरोपी सिरिंज के जरिए रसायनों को नापकर मिलाते थे।
घी को पीला रंग देने के लिए सिंथेटिक कलर का इस्तेमाल किया जाता था, जिससे यह असली देसी घी जैसा दिखाई दे।
पूरे देश में होती थी सप्लाई
तैयार नकली घी को 100 मिली से लेकर 15 किलो तक के पैकेट में पैक कर बाजार में ‘देसी घी’ के नाम से बेचा जाता था।
यह घी केवल सूरत ही नहीं, बल्कि गुजरात के अन्य जिलों और कई राज्यों में सप्लाई किया जा रहा था।
लाइसेंस की आड़ में चल रहा था खेल
आरोपियों ने FSSAI का लाइसेंस भी लिया हुआ था, ताकि किसी को शक न हो।
पूछताछ में सामने आया कि वे व्यापारियों की मांग के अनुसार मिलावट का स्तर तय करते थे।
क्या-क्या हुआ बरामद?
- 2000+ किलो मिलावटी घी
- 78 बड़े घी के डिब्बे और हजारों छोटे पैकेट
- 24,000 खाली डिब्बे
- 42,000 ब्रांडेड स्टिकर
- पाउच पैकिंग मशीन (करीब 6 लाख)
- पामोलिन तेल और वनस्पति घी (5.5 लाख)

