Tuesday, April 21, 2026
Google search engine
Homecrime newsबुराड़ी में ‘विकास’ बना मुसीबत: खुदी सड़कें, जलभराव से लोग घरों में...

बुराड़ी में ‘विकास’ बना मुसीबत: खुदी सड़कें, जलभराव से लोग घरों में कैद

धीमी रफ्तार निर्माण कार्य और चोक नालों ने बढ़ाई परेशानी, मानसून से पहले काम पूरा करने के निर्देश

असल न्यूज़: राजधानी के बुराड़ी इलाके में विकास कार्य लोगों के लिए राहत के बजाय परेशानी का सबब बनते जा रहे हैं। क्षेत्र में चल रहे अधूरे निर्माण कार्य, खुदी सड़कों और जलभराव की समस्या ने हालात इतने खराब कर दिए हैं कि लोग अपने ही घरों में कैद होने को मजबूर हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि बाहर निकलना तक मुश्किल हो गया है और हर कदम पर हादसे का खतरा बना हुआ है।


सड़कों की हालत बदहाल, हर ओर गड्ढे और कीचड़

बुराड़ी की प्रमुख सड़कों का हाल बेहद खराब है। जगह-जगह खुदाई के चलते बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं, जिनमें पानी भरने से कीचड़ और फिसलन बढ़ गई है। इससे न सिर्फ वाहन चालकों बल्कि पैदल चलने वालों के लिए भी जोखिम बढ़ गया है।

इसके अलावा, बाढ़ नियंत्रण विभाग के नाले कूड़े और गाद से पूरी तरह चोक पड़े हैं, जिससे जल निकासी व्यवस्था ठप हो गई है। नतीजतन, हल्की बारिश में ही जलभराव की स्थिति बन जाती है।


सीवर कार्य बना सिरदर्द

स्थानीय लोगों के मुताबिक, दिल्ली जल बोर्ड और अन्य विभागों द्वारा पिछले कई वर्षों से सीवर लाइन डालने का काम चल रहा है, लेकिन इसकी रफ्तार बेहद धीमी है। अधूरे कार्यों की वजह से क्षेत्र में लगातार अव्यवस्था बनी हुई है और लोगों को रोजाना परेशानी झेलनी पड़ रही है।


निगम पार्षद ने किया निरीक्षण

बढ़ती शिकायतों को देखते हुए स्थानीय निगम पार्षद अनिल त्यागी ने अधिकारियों के साथ 100 फुटा रोड स्थित फ्लड नाले का संयुक्त निरीक्षण किया। इस दौरान नगर निगम के डिप्टी कमिश्नर शशि प्रताप सिंह, फ्लड विभाग और दिल्ली जल बोर्ड के अधिकारी भी मौजूद रहे।

निरीक्षण के दौरान, अधिकारियों और ठेकेदारों को सख्त निर्देश दिए गए कि निर्माण कार्य में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। काम में देरी या लापरवाही मिलने पर भारी जुर्माने और कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।


मानसून से पहले काम पूरा करने का अल्टीमेटम

प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को मानसून से पहले निर्माण कार्य और नालों की सफाई पूरी करने का सख्त लक्ष्य दिया है। पार्षद अनिल त्यागी ने स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और कामकाजी लोगों की परेशानियों पर चिंता जताते हुए कहा कि इस मुद्दे को लेकर मुख्यमंत्री को पहले ही पत्र लिखा जा चुका है।

उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि, लापरवाही करने वाले अधिकारियों पर पहले भी कार्रवाई हो चुकी है और जरूरत पड़ने पर 5 लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।


अब सबकी नजर प्रशासन पर

बुराड़ी के लोगों को अब प्रशासन की इस सख्ती से राहत मिलने की उम्मीद है। हालांकि, बड़ा सवाल यही है कि क्या मानसून से पहले हालात सुधर पाएंगे या फिर बारिश के साथ समस्याएं और विकराल रूप ले लेंगी।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments