नई दिल्ली: वेस्ट यूपी और दिल्ली में दोपहिया वाहन चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले अंतरराज्यीय चोर गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। लोहियानगर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए गैंग के पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान दिलशाद उर्फ मोटा, नौशाद उर्फ गूंगा, आस मोहम्मद, नाजिम और आसिफ के रूप में हुई है।
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के कब्जे से 12 चोरी की बाइक, 2 स्कूटी और 4 बाइक के साइलेंसर बरामद किए गए हैं। यह गैंग दिल्ली, गाजियाबाद और यहां तक कि महाराष्ट्र तक से बाइक चोरी कर मेरठ लाता था।
मास्टरमाइंड दिलशाद का बड़ा नेटवर्क
एसएसपी अविनाश पांडेय ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि गैंग का मास्टरमाइंड दिलशाद साल 2013 से वाहन चोरी में सक्रिय है। उसके पास कई मास्टर चाबियां हैं, जिनकी मदद से वह आसानी से बाइक चोरी करता था।
चोरी के बाद आरोपी बाइक के पुर्जे अलग-अलग कर कबाड़ियों को बेच देते थे या फिर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर सस्ते दामों में बेच देते थे।
दिल्ली और अन्य राज्यों से चोरी की गाड़ियां बरामद
अशोक विहार ट्रैफिक सर्किल द्वारा अवैध मछली गाड़ियों से चालान की जगह फोन कॉल पर सौदेबाजी.
जांच में सामने आया है कि बरामद बाइकों में से एक महाराष्ट्र, दो दिल्ली के सरिता विहार और कुछ गाजियाबाद के मोदीनगर इलाके से चोरी की गई थीं। संबंधित राज्यों की पुलिस से भी संपर्क किया गया है और टीमें मेरठ पहुंचकर जानकारी जुटा रही हैं।
आरोपियों पर कई मुकदमे दर्ज
पुलिस के अनुसार, दिलशाद और नौशाद पर 18-18 मुकदमे पहले से दर्ज हैं। आस मोहम्मद पर 6 और नाजिम पर 8 मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अब आरोपियों को रिमांड पर लेकर आगे की पूछताछ करेगी।
गैंग पर सख्त कार्रवाई की तैयारी
एसएसपी ने बताया कि आरोपियों के पुराने आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। इसके आधार पर पूरे गैंग के खिलाफ संगठित अपराध के तहत कार्रवाई की जाएगी।

