असल न्यूज़: पूर्वी दिल्ली के लक्ष्मी नगर इलाके में 10 लाख रुपये की सनसनीखेज लूट का मामला महज 24 घंटे के भीतर सुलझा लिया गया। इस केस में सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि लूट का मास्टरमाइंड खुद शिकायतकर्ता का बेटा निकला। पुलिस ने आरोपी बेटे समेत तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया है और लूटी गई पूरी रकम भी बरामद कर ली गई है।
फायरिंग कर लूट की वारदात
31 मार्च को पीसीआर कॉल के जरिए सूचना मिली थी कि दो नकाबपोश बदमाशों ने फायरिंग करते हुए एक व्यक्ति से 10 लाख रुपये लूट लिए। घटना के बाद इलाके में दहशत फैल गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की।
120 से ज्यादा सीसीटीवी खंगाले
इंस्पेक्टर अजीत कुमार झा के नेतृत्व में टीम ने तकनीकी निगरानी और सीसीटीवी फुटेज की मदद से जांच आगे बढ़ाई। पुलिस ने करीब 120 कैमरों की फुटेज खंगाली, जिसमें संदिग्धों की गतिविधियां ट्रेस की गईं। हालांकि आरोपी बार-बार स्कूटी बदलकर और भीड़ में घुसकर पुलिस को चकमा दे रहे थे।
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121वें कैमरे ने खोला राज
आखिरकार 121वें कैमरे की फुटेज में एक आरोपी ने मास्क उतारा, जिससे उसका चेहरा साफ दिखाई दे गया। इसी एक सुराग ने पूरे केस को पलट दिया और पुलिस आरोपियों तक पहुंच गई।
बेटा निकला मास्टरमाइंड
जांच के दौरान सामने आया कि पूरी लूट की साजिश शिकायतकर्ता के 20 वर्षीय बेटे ने रची थी। जब पीड़ित को आरोपियों की पहचान के लिए बुलाया गया, तो वह हैरान रह गया—क्योंकि आरोपी उसका अपना बेटा ही था।
पिता से नाराजगी बनी वजह
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह अपने पिता से नाराज था, क्योंकि वे उसे पैसे देने से मना करते थे और खर्च के लिए भी पैसे नहीं देते थे। इसी नाराजगी में उसने अपने दोस्त के साथ मिलकर लूट की योजना बनाई।
दादी के घर से बरामद हुए 10 लाख रुपये
पुलिस ने कार्रवाई करते हुए लूटी गई पूरी रकम आरोपी की दादी के घर से बरामद कर ली। साथ ही वारदात में इस्तेमाल स्कूटी भी जब्त कर ली गई है।
आगे की कार्रवाई जारी
फिलहाल पुलिस तीनों आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है और उनके खिलाफ सशस्त्र डकैती का मामला दर्ज किया गया है।

