असल न्यूज़। ब्रह्मपुरी स्थित मौनी बाबा मंदिर में श्री नवयुवक कला संगम की ओर से दशहरा समारोह के सफल समापन के उपलक्ष्य में भव्य सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों से जुड़े पदाधिकारियों सहित अनेक गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति रही। समारोह में रामलीला के आयोजन को सफल बनाने में योगदान देने वाली विभूतियों और कार्यकर्ताओं के सहयोग को सराहा गया।
संस्था के महासचिव प्रदीप जैन ने बताया कि कार्यक्रम में उत्तर-पूर्वी दिल्ली जिले के डीसीपी राहुल अलवाल, एडिशनल डीसीपी संदीप लांबा, दिल्ली विधानसभा के उपाध्यक्ष मोहन सिंह बिष्ट, विधायक अजय महावर, निगम पार्षद अनिल कुमार शर्मा गौड़ और प्रीति गुप्ता सहित कई प्रमुख अतिथियों ने शिरकत की। इसके अलावा विश्व हिंदू परिषद के दयालु जी महाराज और यूनाइटेड हिन्दू फ्रंट के प्रमुख जयभगवान गोयल सहित विभिन्न क्षेत्रों से जुड़ी विभूतियां भी समारोह में शामिल हुईं।
1978 से रामलीला की परंपरा को आगे बढ़ा रही संस्था
प्रदीप जैन ने कहा कि श्री नवयुवक कला संगम वर्ष 1978 से लगातार भव्य रामलीला का आयोजन करता आ रहा है। संस्था का उद्देश्य धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करना तथा नई पीढ़ी को भारतीय परंपराओं और भगवान श्रीराम के आदर्शों से परिचित कराना है।
उन्होंने कहा कि रामलीला केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि समाज को नैतिक मूल्यों और पारिवारिक संस्कारों से जोड़ने का माध्यम भी है। मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम के जीवन से प्रेरणा लेकर माता-पिता की सेवा, भाई-भाई के बीच प्रेम, आपसी सद्भाव और कर्तव्यनिष्ठा जैसे मूल्यों को जीवन में अपनाने का संदेश दिया जाता है।
धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत को सहेजने पर जोर
समारोह के माध्यम से संस्था ने रामलीला जैसी सांस्कृतिक परंपराओं को निरंतर आगे बढ़ाने और सामाजिक सहभागिता को मजबूत करने का संदेश दिया। संस्था से जुड़े पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के सामूहिक प्रयासों से हर वर्ष इस आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई जाती है।
इस अवसर पर संस्था के संरक्षक एवं पूर्व सांसद लाल बिहारी तिवारी के साथ सुरेश गोयल, शेखर शर्मा, सीताराम गुप्ता, जितेन्द्र उपाध्याय, राकेश चौधरी, ओमप्रकाश खिलौने वाले, रविन्द्र अग्रवाल, प्रेमवीर तोमर, हेमंत अवस्थी चिंटू, राजेन्द्र गर्ग, लोमेश त्यागी, परशुराम रावत, जीतराम शर्मा, किशोर शर्मा, अशोक शर्मा शास्त्री और रामकुमार भदोरिया सहित अनेक लोगों के सहयोग का उल्लेख किया गया।
संस्था ने सभी सहयोगियों और कार्यकर्ताओं के योगदान की सराहना करते हुए धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक गतिविधियों को आगे भी निरंतर जारी रखने की प्रतिबद्धता व्यक्त की। समारोह में सैकड़ों कार्यकर्ताओं की सहभागिता रही।
श्री नवयुवक कला संगम का यह आयोजन भगवान श्रीराम के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने और भारतीय संस्कृति की समृद्ध परंपरा को जीवंत बनाए रखने के प्रयास के रूप में सामने आया।

