असल न्यूज़। पूर्वी दिल्ली के मधु विहार थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मोबाइल स्नैचिंग की वारदात के महज कुछ घंटों के भीतर एक सक्रिय स्नैचर को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की गिरफ्तारी के साथ पुलिस ने चार आपराधिक मामलों का खुलासा किया है। उसके कब्जे से स्नैच किया गया वीवो मोबाइल, चोरी की होंडा एक्टिवा और दो अन्य चोरी के मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं।
पुलिस के अनुसार, 25 जुलाई को पीसीआर कॉल के जरिए सूचना मिली कि आईपी एक्सटेंशन स्थित उत्सव ग्राउंड के पास एक युवक का मोबाइल फोन स्नैच कर लिया गया है। शिकायतकर्ता आयुष दास ने बताया कि दोपहर करीब 12 बजे वह गाजीपुर की ओर जा रहे थे, तभी नीली होंडा एक्टिवा पर सवार दो बदमाशों ने उनका वीवो मोबाइल फोन छीन लिया और मौके से फरार हो गए।
शिकायत के आधार पर एफआईआर संख्या 293/2026 दर्ज कर जांच शुरू की गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआई महिपाल सिंह, हेड कांस्टेबल सचिन त्यागी और कांस्टेबल अश्वनी की टीम का गठन किया गया।
गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने उसी दिन रात करीब 9:20 बजे उत्सव ग्राउंड के पास जाल बिछाया और उपेंद्र उर्फ पियूष (22 वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के पास से शिकायतकर्ता का स्नैच किया गया वीवो मोबाइल बरामद हुआ।
जांच के दौरान आरोपी के कब्जे से बरामद नीली होंडा एक्टिवा की चेसिस जांच करने पर पता चला कि यह पांडव नगर थाना क्षेत्र से चोरी की गई थी। इसके अलावा स्कूटी की तलाशी में सैमसंग और वीवो कंपनी के दो अन्य चोरी के मोबाइल फोन भी मिले, जो अलग-अलग ई-एफआईआर से जुड़े पाए गए।
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि उसने अपने एक साथी के साथ मिलकर स्नैचिंग की वारदात को अंजाम दिया था। सह-आरोपी की गिरफ्तारी के लिए उसके ठिकानों पर दबिश दी गई, लेकिन वह फरार मिला। उसकी तलाश जारी है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी उपेंद्र उर्फ पियूष पश्चिम विनोद नगर का रहने वाला है। वह पांचवीं तक पढ़ा है और सब्जी बेचने का काम करता था। पूछताछ में उसने बताया कि नशे की लत के कारण उसने चोरी और स्नैचिंग जैसी वारदातों को अंजाम देना शुरू किया। गिरफ्तार आरोपी के पास से स्नैच किया गया एक वीवो मोबाइल फोन चोरी की एक होंडा एक्टिवा स्कूटी दो चोरी के मोबाइल फोन (सैमसंग और वीवो) सुलझे चार मामले मोबाइल स्नैचिंग का मामला थाना मधु विहार चोरी की होंडा एक्टिवा, थाना पांडव नगर चोरी का सैमसंग मोबाइल, ई-एफआईआर चोरी का वीवो मोबाइल – ई-एफआईआर दर्ज की गई थी

