प्रदीप सिंह उज्जैन: उत्तर दिल्ली के नरेला थाना क्षेत्र अंतर्गत बकानेर गांव में शराब माफियाओं के हौसले बुलंद नजर आ रहे हैं। 30-31 मार्च की दरमियानी रात एक परिवार पर हुए जानलेवा हमले में राजेंद्र नामक अधेड़ व्यक्ति की इलाज के दौरान आज सुबह मौत हो गई।
परिजनों के अनुसार, हमलावर परिवार लंबे समय से उनके घर के सामने अवैध रूप से शराब, स्मैक और अन्य नशीले पदार्थों का कारोबार कर रहा था। कई बार विरोध करने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
घटना की रात आरोपियों, ने घर के बाहर खड़ी बाइकों से पेट्रोल निकालना शुरू कर दिया। जब परिवार ने इसका विरोध किया, तो शराब माफियाओं ने उन पर हमला कर दिया, जिसमें राजेंद्र गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
परिवार ने गंभीर आरोप, लगाते हुए कहा कि इलाके में अवैध नशे का कारोबार काफी समय से चल रहा है और इसमें दिल्ली पुलिस की मिलीभगत होने का शक है। उनका कहना है कि पुलिसकर्मी मौके पर आते हैं, लेकिन कार्रवाई करने के बजाय वापस लौट जाते हैं।
यह भी देखें:-
नरेला-सिंघु बॉर्डर रोड 2 दिन में उखड़ी: PWD डिविजन-13 पर भ्रष्टाचार के आरोप
परिजनों का यह भी आरोप है, कि घटना के इतने दिन बाद भी पुलिस ने अभी तक किसी भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया है, जिससे इलाके में भय और आक्रोश का माहौल बना हुआ है।
फिलहाल, पुलिस की ओर से मामले में जांच जारी होने की बात कही जा रही है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से जल्द से जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी और इलाके में अवैध नशे के कारोबार पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।

