अजय शर्मा: उत्तर-पश्चिम जिला पुलिस ने आदर्श नगर इलाके में हुए एक सनसनीखेज ब्लाइंड मर्डर केस का खुलासा करते हुए हत्या के आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। करीब दो महीने तक चली जांच, 150 से अधिक सीसीटीवी फुटेज के विश्लेषण, तकनीकी निगरानी और इंडो-नेपाल सीमा तक चलाए गए अभियान के बाद पुलिस ने आरोपी को बिहार के मधुबनी जिले से दबोच लिया।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान सुमन कुमार झा (45) के रूप में हुई है, जो गुरुग्राम के शक्ति पार्क इलाके में रह रहा था और मूल रूप से नेपाल के सप्तरी जिले का निवासी है। आरोपी एफआईआर संख्या 140/2026 में हत्या के मामले में वांछित था और लगातार अपने ठिकाने बदलकर पुलिस से बचने का प्रयास कर रहा था।
अस्पताल में मृत घोषित हुआ था घायल व्यक्ति
पुलिस के अनुसार, 23 मार्च 2026 को आदर्श नगर थाना क्षेत्र से एक पीसीआर कॉल प्राप्त हुई थी, जिसमें एक अज्ञात व्यक्ति के गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिलने की सूचना दी गई। उसे तत्काल बीजेआरएम अस्पताल, जहांगीरपुरी ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
शुरुआत में मृतक की पहचान नहीं हो सकी थी। बाद में 26 मार्च को मृतक की पहचान रमेश यादव उर्फ रावण, निवासी गोरखपुर, उत्तर प्रदेश के रूप में हुई। इसके बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
150 CCTV फुटेज खंगालकर आरोपी तक पहुंची पुलिस
मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष जांच टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने घटनास्थल और आसपास के इलाकों से लगभग 150 सीसीटीवी फुटेज एकत्र कर उनका गहन विश्लेषण किया। तकनीकी साक्ष्यों, स्थानीय खुफिया जानकारी और वैज्ञानिक जांच के आधार पर सुमन कुमार झा की संलिप्तता सामने आई।
जांच के दौरान आरोपी के खिलाफ गैर-जमानती वारंट भी जारी कराया गया, लेकिन वह लगातार फरार रहा।
इंडो-नेपाल बॉर्डर तक चला ऑपरेशन
पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए नेपाल में शरण लिए हुए है और इंडो-नेपाल सीमा क्षेत्र में लगातार अपनी लोकेशन बदल रहा है। इसके बाद पुलिस टीम ने सीमा क्षेत्र में डेरा डालकर मुखबिर तंत्र विकसित किया और आरोपी की गतिविधियों पर नजर रखी।
लगातार प्रयासों, के बाद पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी अपने एक सहयोगी से मिलने के लिए सीमा क्षेत्र से बिहार की ओर आने वाला है। इसी सूचना के आधार पर पुलिस ने मधुबनी जिले में जाल बिछाकर उसे पकड़ लिया।
गिरफ्तारी के दौरान किया विरोध
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तारी के समय आरोपी ने पुलिस टीम पर हमला करने और हाथापाई करने की कोशिश की। इतना ही नहीं, हिरासत में लेने के बाद भी उसने कई बार भागने का प्रयास किया और मोटरसाइकिल को असंतुलित कर पुलिसकर्मियों को गिराने की कोशिश की। हालांकि पुलिस टीम ने सतर्कता और साहस का परिचय देते हुए आरोपी को काबू में रखा।
शराब पीने के दौरान हुए विवाद का लिया बदला
पूछताछ में आरोपी ने हत्या में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली। उसने बताया कि घटना से कुछ दिन पहले वह और मृतक रमेश यादव साथ बैठकर शराब पी रहे थे। इसी दौरान दोनों के बीच विवाद हो गया था।
आरोपी ने बताया कि उसने उसी विवाद का बदला लेने की ठान ली थी, घटना वाले दिन उसने रमेश यादव को घटनास्थल के पास सोता हुआ देखा और पास में पड़े पत्थर से उसके सिर पर कई वार कर दिए, जिससे उसकी मौत हो गई। वारदात के बाद वह मौके से फरार होकर गुरुग्राम चला गया था।
आगे की जांच जारी
पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश कर आगे की पूछताछ शुरू कर दी है। अधिकारियों के अनुसार, मामले की जांच अभी जारी है और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है।

